"गिटार वाला लड़का" पार्ट - 4 - Hindi Biography World

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Monday, October 22, 2018

"गिटार वाला लड़का" पार्ट - 4


वहा से आते समय बस में, अपने प्रति एक नफ़रत सी हो रही थी| मैंने कभी उस इंसान की वेदना नहीं समझी| आई मीन कैसे कोई इंसान अपनी मोहब्बत को, किसी और की बांहो में देख सकता है, यार यहां वो किसी से दो पल बात भी कर लेती थी, तो मैं जलन के मारे कबाब हो जाता था , और ये इंसान आलमोस्ट दो सालों से लगातार ऐसा होते हुए देख रहा था | कालेज में घुसते ही मेरे पाँव थरथराते हुए श्रुति के कमरे की ओर बढ़ रहे थे, मैं मन में सोच चुका था, कि भाईसाहब के खून का या तो आज पर्दा उठेगा या फिर श्रुति और ऋषभ की अर्थी| मेरे कई बार दरवाजा खटखटाने पर श्रुति ने ज्यों ही दरवाजा खोला, मैं उसका हाथ पकड़ के टाइटली वहीं ले गया, रूम नंबर 47 | मन में क्रोध की आग आज चरम पर थी, हॉस्टल अधिकतर खाली था, काफी सारे स्टूडेंट्स अपने अपने घर जा चुके थे| रूम नंबर 47 में ले जाने का कोई खास मक्सद मुझे भी नहीं पता था, पर जाने अनजाने पता नहीं क्यूँ, मुझे वहीं जाना था| वहाँ ले जाके मैने श्रुति को भाईसाहब की कुर्सी पर पटक दिया,  इससे पहले मैंने किसी लड़की के साथ कभी ऐसा व्यवहार नहीं किया था, और श्रुति भी सकते में आ गई थी कि आखिर ये हो क्या रहा है, मेरी मासूक भी रिशभ को लेके वहां आ चुकी थी, मैं उन दोनों से बस यही चीख चीख कर पूछ रहा था कि, गिटार वाले का खून क्यूं किया... आखिर क्यूं???... श्रुति तो काफी देर तक खामोश रही, और ऋषभ भी वहीं सन्न सा खड़ा था, आखिर कुछ देर बाद उसकी चुप्पी टूटी, और श्रुति नें बताया| जो बाते उसने बताई वो काफी हैरान कर देने वाली थी, उसने बताया कि, "गिटार वाला श्रुति से बेहद प्यार करता था, पर श्रुति कभी उसे चाहती ही नहीं थी, गिटार वाला  कई बीमारियों से  ग्रस्त था, जैसे पथरी, डायबिटीज और उसे ढंग से देखने में भी परेशानी थी"| "मसला उसकी बीमारियों का भी नहीं था, वो दिमागी तौर पर भी काफी कमजोर था, ये गिटार उसे श्रुति नें ही गिफ्ट किया था, जब उसने दसवीं की परीक्षा पास की थी तो"|" वो श्रुति के प्यार में बेइंतेहा गिर चुका था "|सबसे बड़ी बात जो उसने बताई वो ये थी कि उसकी किसी नें हत्या नहीं की थी, बल्कि वो आत्महत्या थी| उसे हत्या की शक्ल देने की कोशिश थी|ये सब किया धरा श्रुती का ही था, पिता की मौत की खबर सुन कर गिटार वाला पूरी तरह टूट चुका था, और श्रुति ने भी उसपर दिमागी प्रहार शुरु कर दिए थे, जैसे कि उसको आत्महत्या के लिए उकसाना| श्रुति नें ये सब ऋषभ को फंसाने के लिए किया था|जब भाईसाहब  के मर्डर की जांच होती तब, श्रुति और भाईसाहब के रिश्तों की बात खुलती, फिर दोषी ऋषभ को ही समझा जाता |"श्रुति ऋषभ से तंग आ चुकी थी, ऋषभ ने कई जगहो पर श्रुति का बिल्कुल गलत उसे किया था, जिस कारण श्रुति बदले की आग मे जल रही थी |....
अब भाईसाहब के कमरे में हम चारो पड़े थे, श्रुति हल्के हल्के रो रही थी, ऋषभ नजरे झुकाए खुद से ही द्वंद में उलझा था, मेरी मासूक मुझे संभालने की कोशिश में थी, मैं जमीन पर बैठ के अपना सर पिट रहा था,.... और भाईसाहब .... वो तो हमेशा की तरह अपने गिटार को ही घूर रहे थे |

The End 

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"गिटार वाला लड़का" पार्ट - 1
"गिटार वाला लड़का" पार्ट - 2
"गिटार वाला लड़का" पार्ट - 3
"गिटार वाला लड़का" पार्ट - 4

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